Wednesday, April 8, 2009

अभिज्ञात को दिया जायेगा कौमी एकता पुरस्कार


कोलकाता - 'आल इंडिया कौमी एकता मंच' की ओर से अभिज्ञात को उनके उपन्यास 'कला बाजार' के लिए 'कौमी एकता पुरस्कार' देने का निर्णय लिया गया है। यह उपन्यास सन 2008 में आकाशगंगा प्रकाशन, नयी दिल्ली ने प्रकाशित किया है। 9 मई सन् 1857 को स्वतंत्रता संग्राम का ऐतिहासिक दिन है। उसकी वर्षगांठ पर 9 मई 2009 को यह पुरस्कार कोलकाता के कला मंदिर सभागार में आयोजित एक भव्य समारोह में प्रदान किया जायेगा। यह जानकारी मंच के महासचिव आफताब अहमद खान ने दी है। उन्होंने बताया कि 'कला बाजार' उपन्यास में विभिन्न धर्मों से जुड़े चरित्र एक-दूसरे की भावनाओं का जिस तरह से खयाल रखते हैं उससे हमारी कौमी एकता और साम्प्रदायिक सद्भाव को बल मिलता है। अभिज्ञात को इससे पहले 'आकांक्षा संस्कृति सम्मान' एवं एचडी मीडिया समूह का 'कादम्बिनी लघुकथा पुरस्कार' मिल चुका है। उनके छह कविता संग्रह 'एक अदहन हमारे अन्दर', 'भग्न नीड़ के आर पार', 'आवारा हवाओं के खिलाफ चुपचाप', 'वह हथेली' तथा 'दी हुई नींद' एवं दो उपन्यास 'अनचाहे दरवाज़े पर' और ' कला बाज़ार' प्रकाशित हैं। वे एक अच्छे कहानीकार भी हैं और उनकी कहानियां देश के प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं। अभिज्ञात पेशे से पत्रकार हैं और सम्प्रति वे सन्मार्ग दैनिक में वरिष्ठ उप-सम्पादक हैं।
खान ने बताया कि आल इंडिया कौमी एकता मंच जरूरतमंद छात्रों को छात्रवृत्ति प्रदान करता है। समय-समय पर स्वास्थ्य परीक्षण शिविरों का आयोजन करता है। राष्ट्रीय एकता एवं साम्प्रदायिक सद्भाव से जुड़ी विचारगोष्ठियों आदि का आयोजन कराता रहा है तथा इस उद्देश्य से जुड़े़ व्यक्तियों को उनके योगदान के लिए सम्मानित करता है।

3 comments:

  1. इस शुभ अवसर पर आपको बधाई हो
    आप इसी तरह आगे बढ़ते जाएँ यही कामना है हमारी !

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  2. अच्छा लगा आपका यह लेख पढ़कर
    बहुत ही अच्छा लिखा है

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  3. अभिज्ञात जी आपको बहुत बहुत बधाई
    इसी तरह आगे बढ़ते रहें.

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आपका बहुत - बहुत शुक्रिया जो आप यहाँ आए और अपनी राय दी,हम आपसे आशा करते है की आप आगे भी अपनी राय से हमे अवगत कराते रहेंगे!!
--- संजय सेन सागर

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